1 अप्रैल से महंगा होगा FASTag एनुअल पास, टोल यात्रा पर पड़ेगा असर

Picture of Deepak Mittal

Deepak Mittal

नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रा करने वाले लाखों वाहन चालकों के लिए अहम खबर है। सरकार ने FASTag के एनुअल पास की कीमत में बढ़ोतरी कर दी है। नई दरें 1 अप्रैल से लागू होंगी, जिसके बाद वाहन मालिकों को पहले की तुलना में अधिक शुल्क देना पड़ेगा।

सरकारी जानकारी के अनुसार, फास्टैग एनुअल पास की कीमत 3000 रुपये से बढ़ाकर 3075 रुपये कर दी गई है। यानी अब वाहन चालकों को इस सुविधा के लिए 75 रुपये अतिरिक्त भुगतान करना होगा। यह नई दरें वित्तीय वर्ष 2026-27 से प्रभावी होंगी।

क्या है FASTag एनुअल पास

फास्टैग एनुअल पास उन वाहन चालकों के लिए खास सुविधा है जो अक्सर राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रा करते हैं। इस पास की मदद से टोल प्लाजा पर बार-बार भुगतान करने की जरूरत नहीं पड़ती और डिजिटल माध्यम से टोल शुल्क स्वतः कट जाता है।

यह सुविधा मुख्य रूप से गैर-व्यावसायिक वाहनों जैसे कार, जीप और वैन के लिए उपलब्ध है। एनुअल पास लेने के बाद वाहन चालक एक वर्ष की अवधि या अधिकतम 200 बार टोल प्लाजा पार करने तक इसका लाभ उठा सकते हैं। इनमें से जो भी सीमा पहले पूरी हो जाती है, उसी के अनुसार पास की वैधता समाप्त हो जाती है।

डिजिटल टोल व्यवस्था को बढ़ावा

सरकार ने देशभर में टोल भुगतान को आसान और डिजिटल बनाने के लिए फास्टैग प्रणाली लागू की थी। इससे टोल प्लाजा पर लगने वाली लंबी कतारों में कमी आई है और ईंधन की भी बचत होती है।

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक देश में करोड़ों वाहन इस प्रणाली से जुड़े हुए हैं और बड़ी संख्या में वाहन मालिक एनुअल पास का उपयोग करते हैं। ऐसे में फीस में बढ़ोतरी का असर सीधे लाखों वाहन चालकों पर पड़ेगा।

वाहन चालकों पर क्या पड़ेगा असर

विशेषज्ञों के अनुसार एनुअल पास की कीमत में बढ़ोतरी भले ही मामूली है, लेकिन नियमित रूप से हाईवे पर यात्रा करने वाले लोगों को अब पहले से अधिक भुगतान करना होगा।

हालांकि सरकार का मानना है कि इस व्यवस्था से टोल प्रबंधन, हाईवे रखरखाव और डिजिटल भुगतान प्रणाली को और मजबूत बनाने में मदद मिलेगी। फास्टैग के जरिए टोल भुगतान पूरी तरह इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम से होता है, जिसमें वाहन की विंडस्क्रीन पर लगे टैग को स्कैन करते ही शुल्क सीधे बैंक खाते या वॉलेट से कट जाता है।

सरकार लगातार इस प्रणाली को और मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है, ताकि राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रा को अधिक तेज और सुगम बनाया जा सके।

Deepak Mittal
Author: Deepak Mittal

Leave a Comment

Leave a Comment