बिलासपुर: रेंज सायबर थाना द्वारा की गई एक बड़ी कार्यवाही , जिसमें सायबर ठगों द्वारा धोखाधड़ी के माध्यम से 50 लाख रुपये से अधिक की ठगी की गई थी। ठगों ने सेवानिवृत्त केन्द्रीय कर्मचारी जयदेव सिंह चंदेल को सोशल मीडिया पर अवैध पोर्नोग्राफी सामग्री अपलोड करने और मनी लॉन्ड्रिंग रैकेट में शामिल होने का झांसा देकर गिरफ्तार करने का भय दिखाया। इन ठगों ने फोन और व्हाट्सएप कॉल्स के माध्यम से उन्हें भयभीत किया और 20 दिन तक लगातार मानसिक दबाव डाला।
विवेचना में यह पता चला कि आरोपी धोखाधड़ी से प्राप्त धन को क्रिप्टोकरेंसी (USDT) में निवेश कर रहे थे और अंतर्राष्ट्रीय प्लेटफॉर्म्स पर इसे कम कीमत पर बेचकर धोखाधड़ी की राशि का प्रयोग अपनी निजी जरूरतों के लिए कर रहे थे। ठगों ने फर्जी सिम कार्ड और बैंक खाते का उपयोग किया था, और इसके लिए उन्होंने मजदूरों के नाम पर सिम कार्ड और बैंक खाता प्राप्त किए थे।
अब तक तीन आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं, जिनमें निकुंज कुमार और लक्ष्य सैनी (राजस्थान से) शामिल हैं। इन पर विभिन्न साइबर अपराध और ठगी के आरोप हैं। पुलिस ने राजस्थान, हरियाणा और दिल्ली में ठगों के ठिकानों पर छापे मारे हैं और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस ने आम जनता को चेतावनी दी है कि वे अजनबी कॉल्स और संदेशों से सतर्क रहें और किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी से बचने के लिए व्यक्तिगत जानकारी और बैंकिंग विवरण साझा करने से बचें।
साइबर अपराधों को लेकर जनता को जागरूक किया जा रहा है, ताकि ऐसी ठगी के मामलों में कमी आए और लोग इन अपराधों से बच सकें।

Author: Deepak Mittal









