कच्चे तेल में उछाल से शेयर बाजार में भारी गिरावट, सेंसेक्स-निफ्टी करीब 3% फिसले

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मुंबई: Mumbai में सप्ताह के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई। BSE Sensex और Nifty 50 दोनों ही प्रमुख सूचकांक करीब 3 प्रतिशत तक टूट गए। इसकी मुख्य वजह अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव तथा कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल को माना जा रहा है, जिससे वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बढ़ गई है।

सोमवार को कारोबार की शुरुआत में सेंसेक्स अपने पिछले बंद 78,918.90 से 1,862.15 अंक गिरकर 77,056.75 पर खुला। वहीं निफ्टी भी 24,450.45 के स्तर से 582.4 अंक गिरकर 23,868.05 पर खुला। खबर लिखे जाने तक सुबह करीब 9:28 बजे सेंसेक्स 2,404.42 अंक (3.05%) गिरकर 76,514.48 पर कारोबार कर रहा था, जबकि निफ्टी 727.40 अंक (2.97%) गिरकर 23,723.05 पर ट्रेड करता नजर आया।

बेंचमार्क इंडेक्स के साथ-साथ व्यापक बाजार में भी दबाव देखा गया। निफ्टी मिडकैप में करीब 3.07 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप में लगभग 3.18 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। सेक्टर के लिहाज से Nifty PSU Bank Index में सबसे ज्यादा गिरावट रही, जो 4 प्रतिशत से अधिक टूट गया। इसके अलावा निफ्टी ऑटो, निफ्टी बैंक, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज और निफ्टी एफएमसीजी में भी बड़ी गिरावट देखी गई, जबकि निफ्टी आईटी में अपेक्षाकृत कम गिरावट दर्ज की गई।

सेंसेक्स पैक में InterGlobe Aviation (इंडिगो), State Bank of India, Larsen & Toubro, Tata Steel, Maruti Suzuki, Asian Paints, Axis Bank और Mahindra & Mahindra के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट रही और ये टॉप लूजर्स में शामिल रहे।

वैश्विक स्तर पर तेल बाजार में उथल-पुथल का असर भी भारतीय बाजार पर पड़ा। एशियाई कारोबार के शुरुआती सत्र में Brent Crude की कीमत करीब 21 प्रतिशत उछलकर 112 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई। रिपोर्ट्स के अनुसार Strait of Hormuz में तनाव और जहाजों पर हमलों के बाद वैश्विक तेल आपूर्ति बाधित होने की आशंका बढ़ गई है।

इस बीच Donald Trump ने कहा कि तेल की कीमतों में बढ़ोतरी अमेरिका और दुनिया की सुरक्षा और शांति के लिए चुकाई जाने वाली एक छोटी कीमत है।

बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक वैश्विक अनिश्चितता और बढ़ती अस्थिरता के कारण निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहने की जरूरत है। विश्लेषकों का मानना है कि निफ्टी में नई खरीदारी की रणनीति तभी अपनानी चाहिए जब इंडेक्स 25,000 के स्तर के ऊपर मजबूत ब्रेकआउट दे, जिससे बाजार में सकारात्मक धारणा बन सकती है।

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Author: Deepak Mittal

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