मध्यप्रदेश के मंदसौर की सीमा से लगे भवानी मंडी में सोमवार को दो युवतियों ने लीव इन में रहने के लिए हिंदू रीतिरिवाज के साथ शादी की और साथ रहने की कसमें खाई लेकिन उनकी खुशी ज्यादा देर नहीं चली।
दोनों युवतियों में से एक युवती के मामा पहुंचे और उसको अपने साथ ले गए। युवतियों ने कोर्ट से समलैंगिक विवाह की अनुमति मांगी थी लेकिन कोर्ट से उन्हें पता चला कि भारत में समलैंगिक विवाह की मान्यता नहीं है जिसके बाद दोनों ने एफिडेविट बनवाया और लिव इन में रहने की इच्छा जताई। लिव इन में रहने की इजाजत मिलने के बाद हिंदू रीति रिवाज से शादी रचा ली।

लिव इन में पति की भूमिका निभाने वाली युवती ने बताया कि वह मजदूरी का कार्य करती है और उसकी दोस्त खाना बनाने का काम करती है। उनकी पहली मुलाकात उस समय हुई जब वह एक मकान के निर्माण कार्य में मजदूरी का कार्य कर रही थी और उसकी दोस्त वहां खाना बनाने आती थी। तब से ही दोनों एक दूसरे को जानने लगी। इसके बाद दोनों में नजदीकियां बढ़ी तो दोनों ने अपने प्यार का इजहार किया। इसके बाद हिम्मत करके कोर्ट पहुंचकर शादी करने की इच्छा जताई। यहां उन्हें पता चला कि देश में समलैंगिक विवाह को मान्यता नहीं है। इसके बाद दोनों ने लिव इन में रहना तय किया। इस पर कोर्ट द्वारा दोनों युवतियों को लिव इन में रहने की इजाजत दे दी गई है।
सोना निभाएगी पति की भूमिका, रीना की मांग में भरा सिंदूर
सोना ने बताया कि रीना के परिजन दोनों की दोस्ती से खुश नहीं थे एवं साथ रहने पर आपत्ति जताते थे। इस बात को लेकर रीना के परिवार में हमेशा झगड़ा हुआ करता था। रीना को प्रताड़ित किए जाने पर उसने सोना से लव मैरिज करने का प्रस्ताव रखा, जिस पर सोना के परिजनों ने इस पर सहमति दे दी। सोना ने बताया कि कोर्ट द्वारा उनको लिव इन में रहने की इजाजत दी है। उसने हिन्दू रस्म के अनुसार, भगवान को साक्षी मानकर रीना की मांग में सिंदूर भरा। भविष्य में वह रीना के पति की भूमिका निभाएगी एवं दोनों साथ रहकर परिवार का पालन पोषण करेंगे। दोनों ही लिव इन के लिए अपने घर पहुंची थी लेकिन बाद में रीना के परिजन घर पहुंच गए और मारपीट कर उसे ले गए।
Author: Deepak Mittal









Total Users : 8227314
Total views : 8272382