नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के शालीमार बाग थाना क्षेत्र में शनिवार को दिनदहाड़े हुई सरेआम गोलीकांड ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया। अज्ञात हमलावर ने एक महिला के सिर में गोली मारकर मौके पर ही मौत के घाट उतार दिया। यह हत्या इसलिए और भी खौफनाक मानी जा रही है, क्योंकि मृत महिला के पति की भी साल 2023 में इसी तरह गोली मारकर हत्या की जा चुकी है।
कौन थी रचना यादव? क्यों बनी निशाना?
मृतका की पहचान रचना यादव के रूप में हुई है। रचना यादव अपने परिवार के साथ शालीमार बाग इलाके में रहती थीं। उनके पति विजेंदर यादव की दो साल पहले हत्या हुई थी और रचना उस केस में मुख्य गवाह थीं।
बेटी का सनसनीखेज दावा — “मां को इसलिए मारा गया…”
रचना यादव की बेटी ने आरोप लगाया कि
“मेरी मां मेरे पिता के मर्डर केस की सबसे अहम गवाह थीं। आरोपियों को डर था कि कोर्ट में सच सामने आ जाएगा, इसलिए उन्होंने मेरी मां को भी मरवा दिया।”
बेटी के मुताबिक,
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पिता की हत्या में 6 आरोपी शामिल थे
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4–5 आरोपी पकड़े जा चुके हैं
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लेकिन एक मास्टरमाइंड अब भी फरार है
उस फरार आरोपी का नाम भारत यादव बताया गया है, जो अलसवा इलाके में बेकरी चलाता है। बेटी ने सीधे तौर पर आरोप लगाया कि उसी ने पूरी साजिश रचकर उसकी मां की हत्या करवाई।
कोर्ट से इंसाफ की गुहार
पीड़िता की बेटी ने भावुक होते हुए कहा कि
“मेरे मां-पिता दोनों को इंसाफ मिलना चाहिए। दोषियों को फांसी की सजा दी जाए।”
घटना कैसे हुई? पुलिस ने क्या बताया?
डीसीपी नॉर्थ-वेस्ट भीष्म सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि
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सुबह करीब 11 बजे पीसीआर कॉल मिली
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सूचना थी कि एक महिला को गोली मार दी गई है
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मौके पर पहुंचने पर रचना यादव मृत पाई गईं
पुलिस के मुताबिक,
महिला जब किसी के घर से लौट रही थीं, तभी पीछे से आए हमलावर ने उनके सिर में गोली मार दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
पुरानी रंजिश या गवाही की सजा?
पुलिस का कहना है कि इस हत्या की जड़ें बलसवा गांव से जुड़ी हो सकती हैं, जहां 2023 में पति विजेंदर यादव की हत्या हुई थी। शुरुआती जांच में मामला
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आपसी रंजिश
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पारिवारिक दुश्मनी
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या गवाही से जुड़ी साजिश
की ओर इशारा कर रहा है।
सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा मामला
पुलिस ने बताया कि भरत यादव नाम का आरोपी इस केस में फरार है, जिसे लेकर सुप्रीम कोर्ट ने भी सरेंडर के निर्देश दिए थे। इसी एंगल से भी जांच तेज कर दी गई है।
Author: Deepak Mittal









