सिंगरौली: मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक व्यक्ति हाथ में “साहब, मैं जिंदा हूं” लिखी तख्ती लेकर सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगा रहा है। उसका आरोप है कि उसके जीवित होने के बावजूद उसकी पत्नी विधवा पेंशन का लाभ ले रही है।
मामला जनपद पंचायत बैढ़न के करसोसा गांव निवासी चन्द्रवली पटेल से जुड़ा है। उनका कहना है कि उनकी पत्नी अंजोरिया (अजोरिया) पटेल, जो अपने मायके ग्राम जीर में रहती हैं, वर्ष 2014 से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर विधवा पेंशन ले रही हैं। इतना ही नहीं, न्यायालय के आदेश पर वह हर महीने 5 हजार रुपये गुजारा भत्ता भी दे रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, चन्द्रवली पटेल की शादी करीब 30 वर्ष पहले अंजोरिया पटेल से हुई थी। वैवाहिक विवाद के चलते पति ने दूसरी शादी कर ली थी। इसके बाद वर्ष 2014 में पहली पत्नी ने दहेज प्रताड़ना का मामला दर्ज कराया, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पति को जेल भेज दिया था।
आरोप है कि उसी वर्ष पत्नी ने अपने मायके से दस्तावेज तैयार कर विधवा पेंशन लेना शुरू कर दिया। वर्ष 2018 में अदालत ने पति को पहली पत्नी को प्रति माह 5 हजार रुपये गुजारा भत्ता देने का आदेश दिया, जिसका वह पालन कर रहे हैं।
चन्द्रवली पटेल का कहना है कि वह इस मामले की शिकायत कलेक्टर, एसडीएम और थाने में कर चुके हैं, लेकिन सुनवाई नहीं होने पर अब तख्ती लेकर अपनी जीवित होने की गुहार लगा रहे हैं।
मामला सामने आने के बाद सिंगरौली जिला पंचायत के सीईओ जगदीश कुमार गोमे ने जनपद पंचायत बैढ़न के सीईओ से जांच प्रतिवेदन मांगा है। उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि शिकायत सही पाई जाती है तो संबंधित अधिकारी-कर्मचारियों और गलत तरीके से लाभ लेने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
Author: Deepak Mittal









