रायपुर/हैदराबाद। MP बृजमोहन अग्रवाल ने आज हैदराबाद में कोयला एवं खान मंत्रालय की परामर्शदात्री समिति की बैठक में शामिल होकर केंद्रीय मंत्री के साथ “खनन से आगे: खदान बंदी एवं पुनः उपयोग” विषय पर सारगर्भित चर्चा हुई।
बैठक में छत्तीसगढ़ में बंद पड़ी खदानों के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया जिसमें परित्यक्त खदानों को फ्लाई ऐश व मिट्टी से गुणवत्तापूर्वक भरकर उन्हें किसानों को लीज़ पर देने की योजना बनाई जाए। एनटीपीसी संयंत्रों से उत्पन्न फ्लाई ऐश को एसईसीएल की परित्यक्त खदानों में भरने हेतु तत्काल एनओसी जारी की जाए, साथ ही प्रति टन शुल्क लिया जाए। फ्लाई ऐश का बेतरतीब निस्तारण रोका जाए। खदानों की चारदीवारी कर तुरंत ओबी या ऐश से भरा जाए, जिससे दुर्घटनाओं से बचा जा सके। कोयले की चोरी पर सख्त रोक लगे और सभी वेट ब्रिज प्राधिकृत निकाय के अधीन संचालित हों।
हर खदान में डेटा मॉनिटरिंग सिस्टम अनिवार्य किया जाए। खनन से पहले क्षेत्र में वृक्षारोपण की ठोस योजना तैयार की जाए। खदान क्षेत्रों में स्कूल, आईटीआई, कोचिंग सेंटर, अस्पताल व पेयजल प्लांट जैसी सुविधाएं हों। तेल क्षेत्र की तर्ज पर कोयला सलाहकार समिति के सदस्यों को भी CSR फंड का अधिकार मिले, ताकि क्षेत्रीय विकास को गति मिल सके।
Author: Deepak Mittal










Total Users : 8183353
Total views : 8215835