निर्मल अग्रवाल ब्यूरो प्रमुख मुंगेली 8959931111
मुंगेली- समावेशी शिक्षा के अंतर्गत विशेष आवश्यकता वाले बच्चों की पहचान और उपचार हेतु गुरुवार को बीआरसी भवन, मुंगेली में एक दिवसीय विशाल आकलन शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर कलेक्टर कुन्दन कुमार के निर्देशन एवं जिला पंचायत सीईओ प्रभाकर पांडेय के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।

शिविर में जिला अस्पताल मुंगेली से विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम ने भाग लिया, जिनमें डॉ. देवेश खांडे (नेत्र रोग विशेषज्ञ), डॉ. नारायण देव साहू (अस्थि रोग विशेषज्ञ), डॉ. कमलेश सत्यपाल (नाक-कान-गला रोग विशेषज्ञ), डॉ. संजय ओबेरॉय (मनो रोग विशेषज्ञ), नेत्र सहायक डॉ. पटेल, और क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट नीरज शुक्ला शामिल रहे।
कार्यक्रम में जिले से एपीसी आईडी अशोक कश्यप एवं ब्लॉक एजुकेशन ऑफिसर जितेंद्र कुमार बावरे का विशेष योगदान रहा। आकलन शिविर में कुल 165 दिव्यांग बच्चों ने भाग लिया, जिनके साथ 165 पालक, 15 शिक्षक एवं व्याख्याता भी उपस्थित रहे। शिविर में दृष्टिबाधित, मानसिक मंदता, अस्थिबाधित, श्रवण बाधित और मल्टीपल डिसएबिलिटी से ग्रसित बच्चों का विशेषज्ञों द्वारा परीक्षण कर आवश्यक परामर्श, उपचार सुझाव, एवं यूडीआईडी कार्ड एवं दिव्यांगता प्रमाण पत्र जारी किए गए।
विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को करेक्टिव सर्जरी, फिजियोथेरेपी एवं स्पीच थैरेपी हेतु जिला अस्पताल रेफर किया गया। कार्यक्रम के दौरान दिव्यांग बच्चों, उनके पालकों एवं उपस्थित शिक्षकों के लिए चाय-नाश्ता एवं भोजन की समुचित व्यवस्था की गई थी।
कार्यक्रम की सफलता में बीआरसी सूर्यकांत उपाध्याय, बीआरपी संजीव सक्सेना, स्पेशल एजुकेटर कौशल पात्रे, बीआरजी साथी रविकांत गोस्वामी एवं दुर्गेश देवांगन मौजूद रहे। इसके अलावा संकुल से आए सीएससी, व्याख्याता एवं बीआरसी स्टाफ ने भी सराहनीय सहयोग प्रदान किया। यह आयोजन दिव्यांग बच्चों की समग्र उन्नति एवं समावेशी समाज के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण रहा।
Author: Deepak Mittal









Total Users : 8190395
Total views : 8225535