एक बार फिर सामूहिक नक्सलीयों का सामूहिक आत्म समर्पण हुआ है।
छत्तीसगढ़ के बस्तर सांभाग के बीजापुर में छत्तीसगढ़ शासन एवं भारत सरकार की नक्सल उन्मूलन नीति और नियद नेल्लानार योजना के तहत जिले में चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियान में आज 30 माओवादी नेताओं ने आत्मसमर्पण किया।
इस आत्मसमर्पण कार्यवाही में डीआरजी, जिला बल, एसटीएफ, कोबरा और केरिपु बल के संयुक्त प्रयासों से हुई।
आत्मसमर्पित माओवादी उत्तर बस्तर डिवीजन के विभिन्न सब-डिविजन, कंपनी, प्लाटून और एरिया कमेटी में सक्रिय थे। इनमें डीवीसीएम, पीपीसीएम, एसीएम, पार्टी सदस्य, पीएलजीए सदस्य, सीएनएम सदस्य, जनताना सरकार के सदस्य और मिलिशिया सदस्य शामिल हैं। आत्मसमर्पण करने वाले सभी नक्सलियों के ऊपर राज्य सरकार ने ईनाम राशि 50 हजार से 8 लाख रुपये तक की राशि घोषित कर रखी थी।
उप पुलिस महानिरीक्षक दंतेवाड़ा रेंज कमलोचन कश्यप, पुलिस अधीक्षक बीजापुर डॉ. जितेन्द्र कुमार यादव और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में आत्मसमर्पण हुआ।
छत्तीसगढ़ शासन की नक्सल उन्मूलन नीति और नियद नेल्लानार योजना के तहत आत्मसमर्पित माओवादी को पुनर्वास, रोजगार, शिक्षा और आर्थिक सहायता जैसी सुविधाएं प्रदान की जाती हैं। बीजापुर पुलिस अधीक्षक ने माओवादियों से आग्रह किया कि वे शासन की नीति का लाभ उठाकर शांतिपूर्ण और सम्मानजनक जीवन की ओर लौटें और भ्रामक विचारधाराओं को त्यागें।

Author: Deepak Mittal
