दल्लीराजहरा/बालोद। जिले में स्वच्छ, किफायती और पर्यावरण अनुकूल परिवहन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए जिला खनिज संस्थान न्यास द्वारा कलेक्ट्रेट परिसर में सार्वजनिक इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) चार्जिंग स्टेशन की सुविधा शुरू कर दी गई है। इस पहल का उद्देश्य जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता कम करना, प्रदूषण में कमी लाना तथा जिले में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को प्रोत्साहित करना है।
सहायक नोडल अधिकारी विकास देशमुख ने बताया कि कलेक्ट्रेट परिसर में स्थापित सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन पर इलेक्ट्रिक वाहनों की बैटरी 7.2kw क्षमता के चार्जर से चार्ज की जाएगी। इसके लिए Rs. 15/यूनिट की दर निर्धारित की गई है। इससे जिले के इलेक्ट्रिक वाहन संचालकों को अब सुविधाजनक और सुलभ चार्जिंग व्यवस्था उपलब्ध होगी।
विभाग का कहना है कि यह केवल शुरुआत है। आगामी समय में जिले के विभिन्न स्थानों पर 60kw क्षमता के तेज गति वाले चार्जिंग स्टेशन भी स्थापित किए जाएंगे, जिससे इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग और अधिक बढ़ेगा तथा लोगों को लंबी दूरी की यात्रा में भी सुविधा मिलेगी।

जिले में बढ़ती ईवी संस्कृति को देखते हुए इस सुविधा को महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि चार्जिंग अवसंरचना विकसित होने से लोग पेट्रोल और डीजल वाहनों की अपेक्षा इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर अधिक आकर्षित होंगे, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ईंधन पर होने वाला खर्च भी कम होगा।
कलेक्ट्रेट परिसर में सार्वजनिक ईवी चार्जिंग स्टेशन शुरू होने से बालोद जिले में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को नई गति मिलने की उम्मीद है। जिला खनिज संस्थान न्यास की यह पहल भविष्य में जिले के विभिन्न क्षेत्रों तक विस्तारित होने पर हरित परिवहन अभियान को और अधिक मजबूत आधार प्रदान करेगी।
सहायक नोडल अधिकारी, जिला खनिज संस्थान न्यास विकास देशमुख कहते हैं कि
“जिले में पर्यावरण संरक्षण और हरित परिवहन को बढ़ावा देना हमारी प्राथमिकता है। कलेक्ट्रेट परिसर में शुरू की गई सार्वजनिक चार्जिंग सुविधा आम नागरिकों के लिए उपलब्ध रहेगी। आने वाले समय में जिले के अन्य प्रमुख स्थानों पर भी उच्च क्षमता के चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की योजना है।”
इलेक्ट्रिक वाहन चालक उपेन्द्र कुमार साहू कहते हैं कि “अब चार्जिंग के लिए दूसरे शहरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। जिले में यह सुविधा शुरू होने से समय और खर्च दोनों की बचत होगी।”
स्थानीय नागरिक आकाश कुमार,शिवनाथ, उत्तम,संदीप आदि लोग कहते हैं कि आगामी समय में “यदि जिले के प्रमुख बाजारों, बस स्टैंड और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर भी ऐसे चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जाते हैं तो अधिक लोग इलेक्ट्रिक वाहन अपनाने के लिए प्रेरित होंगे।”
पर्यावरण प्रेमी भोमेंद्र कुमार, विश्वास सिंह कहते हैं कि “ईवी चार्जिंग नेटवर्क का विस्तार स्वच्छ पर्यावरण की दिशा में बड़ा कदम है। इससे वायु प्रदूषण कम होगा और हरित ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा।”
Author: Deepak Mittal








