प्रार्थना सभा की आड़ में चल रहा था धर्मांतरण
जे के मिश्र
जिला ब्यूरो चीफ
नवभारत टाइम्स 24 * 7in बिलासपुर
बिलासपुर। जिले में एक बार फिर प्रार्थना सभा की आड़ में चल रहे धर्मांतरण के खेल का खुलासा हुआ है। इस बार प्रशासन ने अवैध रूप से बने एक चर्च को ध्वस्त कर सख्त संदेश दिया है कि अब इस तरह की गतिविधियां बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। यह कार्रवाई जिला प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा की गई, जिसने मौके पर पहुंचकर अवैध निर्माण को हटाया।
सूत्रों के अनुसार, यह चर्च सरकारी जमीन पर बिना किसी स्वीकृति के बना हुआ था और लम्बे समय से यहां प्रार्थना सभा के नाम पर धर्मांतरण गतिविधियां चलाई जा रही थीं। हिंदू संगठनों द्वारा इसकी शिकायत जिला प्रशासन से की गई थी। शिकायत में बताया गया था कि स्थानीय लोगों को गुमराह कर धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है।
शिकायत मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और तत्काल जांच टीम गठित कर स्थल पर भेजा गया। जांच में यह साफ हो गया कि निर्माण न केवल बिना अनुमति के था, बल्कि सरकारी जमीन पर भी कब्जा किया गया था। इसके बाद प्रशासन ने बुलडोजर की मदद से पूरे ढांचे को गिरा दिया।
कार्रवाई के दौरान मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था ताकि किसी तरह की अप्रिय स्थिति न बने। स्थानीय लोगों ने प्रशासन की इस कार्रवाई की खुले तौर पर सराहना की और इसे धर्मांतरण के खिलाफ बड़ी जीत बताया।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण या किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधियों को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे सभी मामलों में सख्त और त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने क्षेत्र में चर्चा और चेतावनी दोनों का माहौल बना दिया है। लोगों का मानना है कि यह कदम अन्य ऐसे मामलों के लिए नजीर बनेगा और जो लोग धार्मिक भावनाओं से खिलवाड़ कर रहे हैं, उन्हें भी अब सबक मिलेगा।










Author: Deepak Mittal
