- दुर्ग: जिले के पाटन थाना क्षेत्र से 27 लाख रुपये की धोखाधड़ी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि जनपद कार्यालय पाटन में पदस्थ संविदा जूनियर इंजीनियर ने अपने बचपन के दोस्त से व्यापार के नाम पर लाखों रुपये लिए और रकम लौटाने की मांग करने पर उसे जान से मारने व पत्नी के साथ छेड़छाड़ के झूठे केस में फंसाने की धमकी देने लगा। पुलिस द्वारा कार्रवाई नहीं किए जाने पर पीड़ित ने न्यायालय की शरण ली, जिसके आदेश पर अब मामला दर्ज किया गया है।
प्रकरण के अनुसार, परिवादी आकाश कुमार शर्मा वर्ष 2017 से प्रोटीन सप्लीमेंट्स के होलसेल व्यापार से जुड़े हैं। उनका आरोप है कि बचपन के मित्र अनिरुद्ध ताम्रकार ने वर्ष 2021 में वेतन न मिलने का हवाला देते हुए आर्थिक तंगी बताई और पत्नी भावना ताम्रकार के नाम पर रिसाली (भिलाई-दुर्ग) में प्रोटीन सप्लीमेंट्स की दुकान खोलने की योजना साझा की। सरकारी नौकरी में होने के कारण दुकान अपने नाम पर न खोल पाने की बात कहकर उसने सहयोग मांगा।
परिवादी के मुताबिक, 5 अक्टूबर 2021 को आरोपी की पत्नी के खाते से 5 लाख रुपये उनके HDFC बैंक खाते में ट्रांसफर किए गए और 1 लाख रुपये नकद दिए गए। इसके बाद सितंबर से 5 अक्टूबर 2021 तथा 7 से 11 अक्टूबर 2021 के बीच कुल 27 लाख रुपये का प्रोटीन सप्लीमेंट्स का सामान सप्लाई किया गया। दुकान खुलने के बाद भुगतान की मांग पर आरोपी ने किश्तों में जून 2022 तक करीब 6 लाख रुपये लौटाए। जुलाई 2022 में उसने फिर से जरूरत बताकर 6 लाख रुपये नकद उधार ले लिए, लेकिन उसके बाद भी शेष राशि नहीं चुकाई।
बताया गया कि लगातार पैसे मांगने पर आरोपी ने फोन उठाना बंद कर दिया। एक बार संपर्क होने पर परिवादी को जान से मारने और पत्नी के साथ छेड़छाड़ के झूठे मामले में फंसाने की धमकी दी गई। इस संबंध में 25 अक्टूबर 2025 को पाटन थाने में शिकायत दी गई, लेकिन केवल धारा 155 के तहत नोटिस दर्ज कर एफआईआर नहीं की गई। 28 अक्टूबर 2025 को पुलिस अधीक्षक दुर्ग को भी लिखित शिकायत दी गई, पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
इसके बाद परिवादी ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायालय ने आवेदन, दस्तावेजों और पुलिस जांच प्रतिवेदन का अवलोकन करते हुए प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध पाया और पुलिस को अपराध दर्ज करने के आदेश दिए। कोर्ट के आदेश पर पाटन पुलिस ने आरोपी अनिरुद्ध ताम्रकार के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318, 296, 351(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि बैंक ट्रांजेक्शन, दस्तावेजों और गवाहों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
Author: Deepak Mittal








