रायगढ़ : श्री श्याम मंदिर में हुई बड़ी चोरी की गुत्थी को रायगढ़ पुलिस ने 9 दिनों के भीतर सुलझा लिया है। पुलिस ने सुनियोजित ढंग से की गई इस चोरी के मुख्य आरोपी सहित कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार कर करीब 27 लाख रुपये की चोरी गई संपत्ति बरामद कर ली है। यह कार्रवाई रायगढ़ पुलिस के सतर्क प्रयास, जनसहयोग और तकनीकी विश्लेषण की मिसाल बन गई है।
13-14 जुलाई की दरम्यानी रात अज्ञात आरोपी ने शहर के प्रसिद्ध श्री श्याम मंदिर में सेंध लगाकर सोने का मुकुट, कुण्डल, गलपटिया, चार छत्तर और दानपेटी से ₹2 लाख नकद चोरी कर ली थी। मंदिर समिति अध्यक्ष बजरंग लाल अग्रवाल की रिपोर्ट पर थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 335/2025 धारा 331(4), 305 बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया।
जैसे ही घटना की जानकारी मिली, पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल स्वयं मौके पर पहुंचे और विशेष टीम का गठन कर जांच शुरू कर दी। फॉरेंसिक, साइबर सेल, डॉग स्क्वॉड और आसपास के थानों को सक्रिय किया गया। इस दौरान रायगढ़, बिलासपुर और मुंगेली जिले की संयुक्त पुलिस टीमों ने 100 से अधिक सीसीटीवी फुटेज की जांच की और सवा लाख मोबाइल नंबरों का विश्लेषण किया।
मुख्य आरोपी की पहचान सारथी यादव (निवासी ठेंगागुड़ी, थाना सरिया, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़) के रूप में हुई, जो घटना के बाद ओडिशा की सीमा में फरार हो गया था। 9 दिनों तक लगातार चली पुलिस कार्रवाई के बाद उसे ओडिशा बॉर्डर से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह घटना वाले दिन बस से रायगढ़ पहुंचा और दिनभर मंदिर की रेकी करने के बाद रात में चोरी को अंजाम दिया। उसने चोरी के बाद पैदल रेल पटरी के रास्ते अपने गांव लौटने की योजना बनाई थी।

आरोपी ने अपने घर पहुंचकर पत्नी नवादाई, दोस्त मानस भोय, उपेंद्र भोय और ओडिशा निवासी विजय उर्फ बिज्जु प्रधान एवं दिव्य प्रधान के साथ चोरी का माल बांटा और उसे छिपाने का षड्यंत्र रचा।
आरोपियों के मेमोरेंडम कथन के आधार पर पुलिस ने चोरी गए सभी आभूषण, ₹10,000 नकद, घटना में प्रयुक्त लोहे का रॉड, मोटरसाइकिल और आरोपी द्वारा वारदात के समय पहना गया संतरा रंग का टी-शर्ट बरामद किया है। जब्त संपत्ति की कुल कीमत करीब ₹26.80 लाख है। मामले में धार्मिक भावना को ठेस पहुंचाने और संगठित अपराध की धाराएं 238, 299, 111, 3(5) बीएनएस के तहत आरोपियों पर कार्यवाही की गई है।
इस उल्लेखनीय सफलता में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आकाश मरकाम, नगर पुलिस अधीक्षक अनिल विश्वकर्मा, निरीक्षक सुखनंदन पटेल सहित साइबर सेल और विभिन्न थानों के दर्जनों अधिकारियों एवं जवानों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस महानिरीक्षक बिलासपुर रेंज डॉ. संजीव शुक्ला ने घटना का स्थल निरीक्षण कर टीम का मार्गदर्शन किया और इस केस की सफलता में योगदान देने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया। साथ ही रायगढ़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “सुरक्षित सुबह” सीसीटीवी अभियान से नागरिकों को जुड़ने के लिए प्रेरित किया गया। जिन नागरिकों के कैमरों से जांच में मदद मिली, उन्हें भी पुलिस द्वारा सम्मानित किया गया।
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गिरफ्तार आरोपी –
1. सारथी यादव (33), ठेंगागुड़ी, थाना सरिया
2. नवादाई यादव (28), पत्नी सारथी यादव
3. मानस भोय (23), ठेंगागुड़ी
4. उपेन्द्र भोय (30), ठेंगागुड़ी
5. दिव्य प्रधान (34), ग्राम धुनीपाली, जिला बरगढ़ (उड़ीसा)
6. विजय उर्फ बिज्जु प्रधान (34), ग्राम बडमाल, जिला बरगढ़ (उड़ीसा)
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बरामद सामग्री –
सोने का मुकुट, हार, कुण्डल, गलपटिया, 4 छत्तर
नकद ₹10,000
मोटरसाइकिल (बजाज प्लेटिना)
वारदात में प्रयुक्त लोहे का रॉड
संतरा रंग की टी-शर्ट
➡️ कुल अनुमानित मूल्य: ₹26.80 लाख

Author: Deepak Mittal
